दतिया. देशव्यापी बंद को लेकर दतिया शहर में भी कांग्रेस पार्टी ने बंद का आह्वान किया। भाजपा को छोड़ अन्य राजनीतिक सीपीएम आदि दल ने भी इस बंद आंदोलन में शामिल रहे। सोमवार देर रात तक कांग्रेस एवं अन्य संगठन आंदोलन को क्रियान्वित करने के लिए योजना बनाते रहे। मंगलवार सुबह 7.30 बजे से ही कांग्रेसी बंद करवाने में जुट गए। मोटर सायकिलों पर आगे-आगे कांग्रेस की टोलिया घूमती रही, उनके पीछे-पीछे पुलिस की गाड़ियां दौड़ती रही। कृषि कानून का विरोध करने वाले कांग्रेसियों से ज्यादा तो शहर में पुलिस बल ज्यादा दिखाई दिया। कांग्रेस के इस दतिया बंद का असर मामूली ही रहा। दोपहर 12 बजे तक सभी बाजार फिर से खुलने लगे। इंदरगढ़, सेवढ़ा तथा भांडेर में भी इसका आंशिक असर ही रहा।
जिला कांग्रेस अध्यक्ष नाहर सिंह यादव के नेतृत्व में किला चौक बाजार से शहर के सभी बाज़ारो में बंद कराने निकले। जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने भ्रमण कर बाजार बंद कराए, तो शहर ब्लाक अध्यक्ष दीपेंद्र पुरोहित के नेतृत्व में भी कांग्रेसी बाइकों पर सवार होकर बाजार बंद कराने निकले। वही प्रदेश महासचिव अशोक दांगी बगदा ने बंद के समर्थन में अपील जारी की है। उन्होंने जिला कांग्रेस कमेटी के पदाधिकारी गण युवा कांग्रेस महिला कांग्रेस एनएसयूआई किसान कांग्रेस सेवादल मंडलम सेक्टर प्रभारी सभी से अनुरोध किया है कि किसानों का सहयोग करें समस्त व्यापारियों से भी दुकानदारों से भी अनुरोध करें कि वह अपना प्रतिष्ठान बंद रखें किसानों के समर्थन में बंद रखे। सोमवार देर रात जिला कांग्रेस कमेटी ने बंद के आव्हान को लेकर मुनादी भी करवाई।
इंदरगढ़ बाजार मैं नहीं दिखा बंद का असर
इंदरगढ़ नगर भारत बंद का असर नहीं दिखा सामान्य दिनों की तरह दुकानदारों ने अपनी-अपनी दुकानें नियमित रूप से खोली गई। किसी भी संगठन ने नगर बंद को लेकर ज्ञापन नहीं दिया। पुलिस प्रशासन एवं प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट रहा। है दतिया एडिशनल एसपी कमल मौय एवं इंदरगढ़ थाना प्रभारी वाय एस तोमर इंदरगढ़ तहसीलदार सुनील भदोरिया द्वारा नगर में सुबह 8 बजे फ्लैग मार्च भी निकाला गया।
बंद का असर दिखा कृषि उपज मंडी में
भांडेर।। यहां बंद के दौरान कृषि उपज मंडी भांडेर के कर्मचारियों ने किया भारत बंद को लेकर किसानों का समर्थन किया। मंडी कर्मचारी पूर्व से ही हड़ताल पर जा चुके हैं। मंडी में परिवहन व्यवस्था पूर्व की तरह संचालित रही। बाजार भी सामान्य दिनों की तरह ही खुला रहा। नौंवी से लेकर दसवीं तक के स्कूल भी खुले रहे। अन्य शासकीय प्रतिष्ठानों में भी सुचारू रूप से काम हुआ। इसी तरह सेवढ़ा में कुछ देर दुकाने बंद होने के बाद पुन: खुल गई। यहा भी बंद का असर दिखाई नहीं दिया।

