भोपाल। मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस के अवसर पर राज्य सरकार ने प्रदेश के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमियों और युवा स्टार्टअप्स के लिए खजाना खोल दिया है। रविवार को मुख्यमंत्री निवास में आयोजित राज्य स्तरीय उद्यमी संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एमएसएमई क्षेत्र के लिए एक समर्पित शासकीय कंपनी—“एमएसएमई औद्योगिक विकास कंपनी” (MSME-IDC) के गठन की ऐतिहासिक घोषणा की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सिंगल क्लिक के माध्यम से प्रदेश की 900 से अधिक एमएसएमई इकाइयों को ₹450 करोड़ से अधिक की प्रोत्साहन राशि तथा 120 से अधिक नवाचारी स्टार्टअप्स को ₹47.80 लाख की सहायता राशि सीधे बैंक खातों में अंतरित की।
MSME-IDC: छोटे उद्योगों को जमीन और अधोसंरचना की गारंटी
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि जिस प्रकार एमपीआईडीसी (MPIDC) ₹500 करोड़ से अधिक के वृहद उद्योगों के लिए काम करती है, उसी तर्ज पर MSME-IDC पूरी तरह छोटे व मध्यम उद्योगों को समर्पित राज्य सरकार की पूर्ण स्वामित्व वाली कंपनी होगी:
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निजी औद्योगिक पार्क को प्रोत्साहन: सरकार ने निजी क्षेत्र के लिए रास्ते खोलते हुए घोषणा की है कि निजी निवेशक भी औद्योगिक पार्क विकसित कर सकेंगे, जिसके लिए शासन द्वारा ₹50 लाख प्रति हेक्टेयर की दर से सीधा वित्तीय अनुदान दिया जाएगा।
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2 महीने में भूमि बैंक: आगामी दो माह के भीतर प्रदेश के सभी 55 जिलों में एमएसएमई इकाइयों की स्थापना के लिए आरक्षित भूमि उपलब्ध करा दी जाएगी।
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भूखंड आवंटन व निवेश: कार्यक्रम के दौरान 75 औद्योगिक भूखंडों के आशय-पत्र (LoI) वितरित किए गए, जिससे धरातल पर लगभग ₹83 करोड़ का नया निजी निवेश आएगा और 640 नए प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे।
कर्मचारियों को 2% डीए वृद्धि, दुग्ध उत्पादकों को मिलेंगे नकद पुरस्कार
स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में मुख्यमंत्री ने अन्य वर्गों के लिए भी महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं:
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सरकारी कर्मियों का महंगाई भत्ता बढ़ा: राज्य के शासकीय अधिकारियों और कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में 2 प्रतिशत की अतिरिक्त वृद्धि का ऐलान किया गया।
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दुग्ध उत्पादन प्रतियोगिता: ‘वृंदावन ग्राम’ योजना के तहत 30-31 अक्टूबर को आयोजित दुधारू पशु प्रतियोगिताओं के आधार पर श्रेष्ठ पशुपालकों को क्रमशः ₹1 लाख (प्रथम), ₹50 हजार (द्वितीय) और ₹25 हजार (तृतीय) के नकद पुरस्कार देने की जानकारी दी गई।
2028 तक 5000 उद्योगों को मिलेंगे भूखंड: मंत्री चेतन्य काश्यप
सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चेतन्य काश्यप ने इस प्रोत्साहन राशि को मुख्यमंत्री की ओर से उद्यमियों के लिए ‘दीपावली गिफ्ट’ बताया:
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देश में अव्वल एमपी: मंत्री काश्यप ने कहा कि मध्यप्रदेश वर्तमान में एमएसएमई को प्रोत्साहन और स्टार्टअप्स को अनुदान उपलब्ध कराने में देश में प्रथम स्थान पर है।
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विस्तार का रोडमैप: पिछले एक वर्ष में 1,250 भूखंड आवंटित किए गए हैं, जो चालू वित्तीय वर्ष के अंत तक 3,000 हो जाएंगे। साथ ही वर्ष 2028 तक 30 नए औद्योगिक क्षेत्र विकसित कर 5,000 नई इकाइयों को भूमि उपलब्ध कराई जाएगी।
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हितलाभ वितरण: मंच से मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना और एमपी स्टार्टअप नीति के अंतर्गत भोपाल, विदिशा, सीहोर के लाभार्थियों को ऋण चेक तथा बुदनी टॉय क्लस्टर, निवाड़ी और कटनी के औद्योगिक क्षेत्रों में भूखंड आवंटन पत्र प्रदान किए गए।

