नई दिल्ली: राष्ट्रीय लोक दल (RLD) ने रविवार को आरोप लगाया कि बीजेपी हैदराबाद नगर निकाय चुनाव में व्यस्त है और इसलिए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों से बातचीत की तारीख दिसंबर में तय की गई और उस पार्टी के लिए किसान प्राथमिकता में नहीं हैं।
रालोद नेता जयंत चौधरी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार किसानों की आवाज को ‘जबरदस्ती’ दबाना चाहती है। रविवार को किसानों ने केंद्र सरकार की बातचीत की पेशकश को ठुकराते हुए चेतावनी दी है कि वे राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश के सभी रास्तों को बंद कर देंगे।
किसान विरोधी भाजपा: जयंत चौधरी
चौधरी ने एक बयान में कहा, ” देश की किसान मोदी सरकार की किसान विरोधी नीतियों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। लेकिन लोकतंत्र में बातचीत करने के बदले केंद्र सरकार किसानों की आवाज़ को बल पूर्वक दबाना चाहती है। ’’ उन्होंने दावा किया कि लाठी चार्ज, पानी की बौछार और आंसू गैस के गोलेशंकर बीजेपी सरकार ने एक बार फिर किसान विरोधी एकता का परिचय दिया है। ।
कृषि कानून का विरोध हो रहा है
बता दें कि पंजाब और हरियाणा के किसान नए कृषि कानून का विरोध कर रहे हैं। जिसके कारण बीते कुछ दिनों से किसान हरियाणा और दिल्ली सीमा पर बैठे हुए हैं। इस दौरान किसानों के आंदोलन के उग्र होने पर पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोलेशाने पर हमला किया। इसके साथ ही किसानों को हाने के लिए पानी की बौछार भी की गई।