नई दिल्ली। प्रधानमंत्री ने शुक्रवार को आयोजित रोजगार मेले के दौरान देशभर के 51 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी के नियुक्ति पत्र वितरित किए। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि आने वाले वर्षों में विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होगी और सरकार लगातार नए रोजगार अवसर तैयार करने की दिशा में कार्य कर रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि रेलवे, बैंकिंग, रक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा सहित विभिन्न विभागों में नियुक्त होने वाले युवा अब देश की विकास यात्रा के जिम्मेदार भागीदार बनेंगे। उन्होंने नियुक्ति पाने वाले युवाओं और उनके परिवारों को बधाई देते हुए कहा कि मेहनत, तैयारी और परिवार के सहयोग से मिली यह सफलता अब राष्ट्र सेवा का अवसर है।
प्रधानमंत्री ने हाल ही में अपनी पांच देशों की यात्रा का जिक्र करते हुए कहा कि दुनिया भारत की युवाशक्ति, तकनीकी क्षमता और तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था को लेकर उत्साहित है। उन्होंने बताया कि विभिन्न देशों के साथ सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, ग्रीन टेक्नोलॉजी, रक्षा, ऊर्जा और उन्नत विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में हुए समझौते भविष्य में भारतीय युवाओं के लिए लाखों रोजगार के अवसर पैदा करेंगे।
उन्होंने कहा कि नीदरलैंड, स्वीडन, नॉर्वे, इटली और यूएई जैसे देशों के साथ बढ़ते सहयोग से भारत की तकनीकी क्षमता मजबूत होगी। विशेष रूप से सेमीकंडक्टर, शिपबिल्डिंग, सुपरकंप्यूटिंग, ग्रीन हाइड्रोजन और स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्रों में बड़े निवेश रोजगार सृजन का आधार बनेंगे।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत तेजी से इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग, सेमीकंडक्टर उत्पादन और आधुनिक उद्योगों का वैश्विक केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि सरकार शिपबिल्डिंग और संबंधित उद्योगों में करीब 75 हजार करोड़ रुपये का निवेश कर रही है, जिससे इंजीनियरों और तकनीकी विशेषज्ञों के लिए बड़े अवसर बनेंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि बीते वर्षों में देश में रेलवे, सड़क, एयरपोर्ट, डिजिटल नेटवर्क और अन्य आधारभूत संरचनाओं का तेजी से विस्तार हुआ है। इससे गांवों तक विकास पहुंचा है और रोजगार के नए रास्ते खुले हैं। प्रधानमंत्री के अनुसार, डिजिटल कनेक्टिविटी और बेहतर सुविधाओं ने ग्रामीण क्षेत्रों में भी उद्यमिता को बढ़ावा दिया है।
प्रधानमंत्री ने युवाओं से सरकारी सेवा को केवल नौकरी नहीं, बल्कि जनसेवा का माध्यम मानने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों का व्यवहार, संवेदनशीलता और कार्यशैली सीधे करोड़ों लोगों के जीवन को प्रभावित करती है। इसलिए हर युवा कर्मयोगी को जिम्मेदारी और ईमानदारी के साथ कार्य करना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है और देश में 2.30 लाख से अधिक मान्यता प्राप्त स्टार्टअप सक्रिय हैं। सरकार कौशल विकास, आधुनिक शिक्षा और भविष्य की तकनीकों पर लगातार निवेश कर रही है ताकि युवाओं को नए अवसर मिल सकें।

