श्योपुर/भोपाल। मध्य प्रदेश के कूनो राष्ट्रीय उद्यान से लगे श्योपुर वन मंडल में गंभीर रूप से घायल मिले 19 माह के नर चीते KNG22 की मंगलवार सुबह उपचार के दौरान मृत्यु हो गई। चीते के शरीर में सीटी स्कैन और आपातकालीन सर्जरी के दौरान बंदूक के पांच छर्रे (पैलेट्स) मिले हैं, जिससे उसके आंतरिक अंगों, तंत्रिका तंत्र और हड्डियों को गंभीर क्षति पहुंची थी। मामले की संवेदनशीलता और शिकार की आशंका को देखते हुए राज्य शासन ने उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए हैं। घटना की तह तक जाने के लिए वन विभाग और पुलिस अधिकारियों को मिलाकर एक संयुक्त विशेष कार्य बल (STF) का गठन किया गया है।
इस नर चीते की मृत्यु के बाद अब भारत में चीतों की कुल संख्या घटकर 58 रह गई है। वर्तमान में कूनो राष्ट्रीय उद्यान में 52, गांधी सागर वन्यजीव अभयारण्य में 4 और वीरांगना दुर्गावती टाइगर रिजर्व में 2 चीते मौजूद हैं।
जंगल में घायल मिला था चीता, जबलपुर में हुई थी इमरजेंसी सर्जरी : वन विभाग द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार:
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25 अक्टूबर को रेस्क्यू: चीता KNG22 श्योपुर वन मंडल के कक्ष क्रमांक 748 में संदिग्ध एवं लहुलूहान अवस्था में मिला था। वन अमले ने तत्परता दिखाते हुए उसे रेस्क्यू कर प्राथमिक उपचार दिया।
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जबलपुर रेफरल: प्रारंभिक एक्स-रे में शरीर के भीतर बाहरी धातु कण (फॉरेन पार्टिकल्स) दिखने पर विशेषज्ञों की सलाह से चीते को तत्काल नानाजी देशमुख पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय (NDVSU), जबलपुर के रेडियोलॉजी एवं सर्जरी विभाग में भर्ती कराया गया।
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शरीर से निकले 5 छर्रे: विश्वविद्यालय के सीटी स्कैन में पुष्टि हुई कि धातु के छर्रों ने आंतरिक अंगों, मांसपेशियों और हड्डियों को छलनी कर दिया था। वरिष्ठ पशु चिकित्सकों के दल ने आपातकालीन शल्य चिकित्सा कर शरीर से बंदूक के 5 छर्रे बाहर निकाले, लेकिन गंभीर संक्रमण और आंतरिक चोटों के कारण मंगलवार सुबह उसने दम तोड़ दिया।
शिकार की आशंका: वन और पुलिस की संयुक्त STF करेगी जांच : चीते के शरीर में बंदूक के छर्रे मिलना वन्यजीव सुरक्षा तंत्र पर गंभीर सवाल खड़े करता है:
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संयुक्त एसटीएफ का जिम्मा: राज्य शासन द्वारा गठित विशेष कार्य बल यह पता लगाएगा कि कक्ष क्रमांक 748 या उसके आसपास के इलाके में फायरिंग किसने और किस परिस्थिति में की।
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अवैध शिकारियों पर नजर: टीम स्थानीय शिकारियों, अवैध हथियार रखने वालों और संदिग्ध गतिविधियों की कड़ियों को जोड़कर आरोपियों की पहचान में जुट गई है।

