सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाई कोर्ट के आदेश में दखल देने से किया इंकार

सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाई कोर्ट के उस आदेश में दखल देने से इंकार कर दिया। जिसमें आयुष और होम्योपैथिक डॉक्टरों को कोरोना संक्रमण के इलाज के लिए दवाओं के विज्ञापन या प्रिस्क्रिप्शन देने से रोका गया था।

सुप्रीम कोर्ट ने केरल हाई कोर्ट के उस फैसले में हस्तक्षेप से इंकार कर दिया है जिसमें उसने आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक, सिद्धा, यूनानी और नेचरोपैथी के डॉक्टरों पर अपनी किसी भी दवा या चिकित्सा पद्धति को कोविड-19 के इलाज के तौर पर प्रचारित करने से रोका गया था।

कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि आयुष डॉक्टर केवल सरकार द्वारा स्वीकृत दवाओं को ही कोरोना के इलाज के लिए निर्धारित दवाओं के साथ-साथ प्रयोग कर सकते हैं। केंद्र की 6 मार्च 2020 की अधिसूचना के मुताबिक आयुष चिकित्सक रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाली दवाई दे सकते हैं लेकिन इनका प्रचार कोरोना का इलाज करने वाली दवाईओं के रूप में नहीं किया जा सकता है।

Share this with Your friends :

Share on whatsapp
Share on facebook
Share on twitter