दतिया। महिला बाल विकास विभाग के मैदानी कर्मचारी यह सुनिश्चित करें कि आंगनबाड़ी केंद्र समय पर खुलें। कार्यकर्ता एवं सहायिका आपसी समन्वय बनाकर अति कम वजन वाले बच्चों को अतिरिक्त पोषण देकर उनके स्वास्थ्य में सुधार लाएं। यह बात कलेक्टर संजय कुमार ने विभाग की ओर से लगाई गई पोषण प्रदर्शनी का शुभारंभ करते हुए कही। कलेक्टर ने कहा कि इस प्रकार की प्रदर्शनी भविष्य में नगर के व्यस्तम क्षेत्र किला चौक पर आयोजित की जाए। ताकि उसका लाभ अधिक से अधिक जन सामान्य ले सकें।
कलेक्टर ने पोषण प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए जिला अधिकारियों को निर्देश दिए कि भविष्य में इस प्रकार की प्रदर्शनी औपचारिकताएं न रहे, बल्कि ऐसी प्रदर्शनियों का आयोजन ऐसे स्थलों पर किया जाए जहां अधिक से अधिक लोग प्रदर्शनियों का लाभ ले सके। कलेक्टर ने अपने उद्बोधन में कहाकि 40 वर्ष पूर्व यूनीसेफ के सहयोग से आंगनबाड़ी केंद्र शुरू किए गए थे। इन केंद्रों को शुरू करने का मुख्य मकसद शहर के बच्चों के समान ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी तथा प्ले स्कूलों के माध्यम से प्रारंभिक शिक्षा देना था।
कलेक्टर ने पोषण प्रदर्शनी में पोषक तत्व युक्त बनाए गई वस्तुओं की सराहना करते हुए विभाग की परियोजना अधिकारी एवं पर्यवेक्षकों को निर्देश दिए कि वह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक विकासखंड की पांच आंगनबाड़ी केंद्र आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र के रूप में विकसित करें। इन केंद्रों को विकसित करने वाली पर्यवेक्षक, कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं को पुरस्कृत किया जाएगा। इस मौके पर महिला एवं बाल विकास के जिला कार्यक्रम अधिकारी अरविंद उपाध्याय, परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक आदि उपस्थित रहे।

