वाशिंगटन, एएनआइ : व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की मुलाकात के दौरान कुछ अनौपचारिक क्षण भी आए। बाइडन ने उपराष्ट्रपति के रूप में अपनी मुंबई यात्रा को याद किया और भारत के साथ अपने संबंधों को लेकर चुटकी भी ली।
व्हाइट हाउस के ओवल आफिस में दोनों नेता अपनी प्रारंभिक टिप्पणियों के लिए बैठे। इस दौरान बाइडन ने 1972 में मिले एक पत्र का जिक्र किया, जो उन्हें मुंबई से लिखा गया था।
संयोग से पत्र लिखने वाले का आखिरी नाम भी बाइडन ही था। अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस पर चुटकी लेते हुए कहा कि भारत में पांच बाइडन मौजूद हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने इस पर कहा कि वे बाइडन की वंशावली का समाधान करने के लिए कुछ दस्तावेज साथ लेकर आए हैं।
बाइडन ने कहा, मुझे शायद इसका जिक्र नहीं करना चाहिए, क्योंकि मेरी तैयार टिप्पणियों का यह हिस्सा नहीं है। लेकिन जब मैं उपराष्ट्रपति के रूप में मुंबई में था तो मैंने चैंबर आफ कामर्स के अधिकारियों के साथ बैठक की थी।
इसके बाद भारतीय पत्रकारों ने मुझसे पूछा कि क्या भारत में मेरा कोई रिश्तेदार है? बाइडन ने आगे बताया, इस बात को लेकर मैं पूरी तरह आश्वस्त नहीं हूं, लेकिन जब 1972 में मैंने चुनाव जीता था तो शपथ लेने से पहले मुझे मुंबई से एक पत्र मिला।
पत्र लिखने वाले का आखिरी नाम बाइडन ही था। इसके अगले दिन संवाददाता सम्मेलन के दौरान भारतीय पत्रकारों ने मुझे बताया कि भारत में पांच बाइडन हैं। मुझे पता चला है कि कोई जार्ज बाइडन थे, जो भारत में ईस्ट इंडिया चाय कंपनी में कैप्टन के पद पर थे।

