ईरान में सॉफ्टवेयर में खराबी से हुआ पेट्रोल संकट, राष्ट्रपति ने बोले इस साइबर हमले का उद्देश्य अव्यवस्था पैदा करना था

दुबई : ईरान के राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी का कहना है कि देश भर में गैस स्टेशनों को बंद करने वाले साइबर हमले का उद्देश्य अव्यवस्था और व्यवधान पैदा करके लोगों को नाराज़ करना है।

रईसी ने मंगलवार को हुए साइबर हमले के बाद पहली बार यह टिप्पणी की, लेकिन इस घटना के लिए उन्होंने किसी को विशेष रूप से जिम्मेदार नहीं ठहराया।

हालांकि, उन्होंने संकेत दिया कि साइबर हमले के पीछे ईरान-विरोधी ताकतें थीं।

उन्होंने कहाकि साइबर युद्ध के क्षेत्र में गंभीर तत्परता होनी चाहिए और संबंधित निकायों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि दुश्मन लोगों के जीवन में समस्या पैदा करने का अपना ‘अशुभ’ लक्ष्य हासिल न कर सकें।

किसी भी समूह या संगठन ने फिलहाल मंगलवार को शुरू हुए साइबर हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, हालांकि ये हमले पिछले हमलों के समान हैं, जो ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को सीधे चुनौती देते हैं।

गौरतलब है कि पूरे ईरान के ईंधन बिक्री केंद्र (पेट्रोल पंप) पर मंगलवार को उस समय काम ठप हो गया था, जब ईंधन सब्सिडी की प्रणाली को नियंत्रित करने वाले सॉफ्टवेयर में खराबी आ गई और बिक्री रोकनी पड़ी।

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