भारत आए बिल गेट्स ने की कृषि अनुसंधान की तारीफ : बोले इससे दुनिया को होगा फायदा, कृषि मंत्री चौहान से की चर्चा

New Delhi : नईदिल्ली । भारत में हो रहा कृषि अनुसंधान श्रेष्ठ है। जिससे बाकी दुनिया को भी फायदा हो सकता है। यह बात गेट्स फाउंडेशन के बिल गेट्स ने कृषि भवन नई दिल्ली में आयोजित बैठक के दौरान कही। बैठक में केंद्रीय कृषि और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान भी मौजूद थे।

इस दौरान कृषि एवं ग्रामीण विकास के विभिन्न विषयों को लेकर सार्थक चर्चा हुई। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि हमने कृषि, खाद्य सुरक्षा, महिला सशक्तिकरण, तकनीकी नवाचार और ग्रामीण विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से विचार-विमर्श किया।

चर्चा के दौरान केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने बिल गेट्स से कहा कि भारत, ‘वसुधैव कुटुंबकम’ के सिद्धांत पर चलते हुए वैश्विक कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है।

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हम गेट्स फाउंडेशन व अन्य वैश्विक साझेदारों के साथ मिलकर विश्व के तमाम देशों में, खासकर गरीब और पिछड़े क्षेत्रों की मदद करने के लिए नवाचार, तकनीक तथा समावेशी विकास को बढ़ावा देकर भूखरहित, सशक्त और आत्मनिर्भर विश्व के निर्माण में योगदान देंगे।

बैठक में बिल गेट्स ने भारत में हो रहे कृषि अनुसंधान की सराहना करते हुए कहा कि इससे पूरी दुनिया को बहुत फायदा हो सकता है।

केंद्रीय मंत्री चौहान ने कहा कि पिछले एक दशक में कृषि विकास के क्षेत्र में ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की गई हैं। इस दौरान भारत, दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बनकर उभरा है और अनुमान है यह वृद्धि आने वाले वर्षों में भी जारी रहेगी।

प्रयागराज कुंभ मेले में 45 दिनों के दौरान लगभग 66 करोड़ लोगों ने स्नान किया, जो हमारी प्रबंधन क्षमता का उत्कृष्ट उदाहरण है। चौहान ने कहा कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है।

उन्होंने कहा कि कृषि क्षेत्र भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। पिछले दशक में कृषि क्षेत्र में भारत की औसत वार्षिक वृद्धि 4% से अधिक रही है। वैश्विक कृषि भूमि व स्वच्छ जल संसाधनों का 4% से भी कम होने के बावजूद, भारत दुनिया की 18% मानव आबादी व 15% पशुधन को खाद्य सुरक्षा प्रदान करता है।

भारत बाजरा, मसाले, दूध, दालों का सबसे बड़ा उत्पादक व चावल, गेहूं, फल-सब्जियों का दूसरा सबसे बड़ा उत्पादक है। पोषण सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए भारत जलवायु-अनुकूलित व सतत कृषि पद्धतियों को बढ़ावा दे रहा है।

बता दें कि गेट्स फाउंडेशन, आईसीएआर के साथ कार्य कर रहा है, इस क्षेत्र में और अधिक तकनीकी सहभागिता की संभावनाएं हैं। गेट्स फाउंडेशन ने मॉडल क्लस्टर लेवल फेडरेशन को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

बैठक में कृषि पैदावार बढ़ाना, डिजिटल कृषि विस्तार प्रणाली, प्रिसीजन एग्रीकल्चर, खाद्य-पोषण सुरक्षा, समावेशी आजीविका कार्यक्रम, लखपति दीदी, ड्रोन दीदी, उन्नत पशु वैक्सीन, कृषि और ग्रामीण विकास में दक्षिण-दक्षिण एवं वैश्विक सहयोग को बढ़ाने के उपायों सहित विभिन्न विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।

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