दतिया। जिले में पुलिस व्यवस्था की सतर्कता परखने के लिए पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने शनिवार देर रात थानों का औचक निरीक्षण किया। इसी दौरान वे गोराघाट थाना पहुंचे, जहां अधिकांश पुलिसकर्मी ड्यूटी के दौरान सोते हुए मिले। थाने की स्थिति देखकर एसपी ने कर्मचारियों को बिना बताए उनकी सजगता जांचने के लिए एक अलग तरीका अपनाया।
बताया गया कि पुलिस अधीक्षक चुपचाप थाना परिसर के भीतर पहुंचे और वहां रखी कुछ महत्वपूर्ण फाइलें अपने साथ बाहर ले गए। इसके बाद वे दोबारा थाने के अंदर पहुंचे और ड्यूटी पर मौजूद स्टाफ को जगाकर उन्हीं फाइलों के बारे में पूछताछ शुरू कर दी। फाइलें अपने स्थान पर नहीं मिलने से थाना परिसर में अफरा-तफरी मच गई और पुलिसकर्मी उन्हें तलाशने में जुट गए।
कुछ देर बाद कर्मचारियों में चिंता बढ़ने लगी। रिकॉर्ड रूम से लेकर अन्य दस्तावेजों की जांच शुरू हुई, लेकिन फाइलों का कोई पता नहीं चला। इस बीच थाना प्रभारी को भी तत्काल मौके पर बुलाया गया। काफी देर तक चली खोजबीन के बाद पुलिस अधीक्षक ने स्वयं फाइलें लौटाईं और स्टाफ को ड्यूटी के दौरान सतर्क रहने की सीख दी।
एसपी मयूर खंडेलवाल ने कर्मचारियों से कहा कि थाना केवल एक कार्यालय नहीं, बल्कि आमजन की सुरक्षा और भरोसे का केंद्र होता है। यहां छोटी सी लापरवाही भी किसी बड़ी घटना का कारण बन सकती है। उन्होंने पुलिसकर्मियों को हर परिस्थिति में जिम्मेदारी और अनुशासन के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।

