दतिया। भीषण गर्मी के बीच भूता जंगल क्षेत्र में लगी आग ने पास स्थित आदिवासी डेरे में भारी तबाही मचा दी। आग तेजी से फैलते हुए रिहायशी हिस्से तक पहुंच गई, जिससे देखते ही देखते कई कच्चे मकान इसकी चपेट में आ गए। हादसे में दर्जनभर के करीब परिवार प्रभावित हुए हैं और घरों में रखा घरेलू सामान, राशन तथा जरूरी वस्तुएं जलने की बात सामने आई है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग पहले जंगल क्षेत्र में भड़की और तेज हवा के कारण कुछ ही समय में आसपास के डेरे तक पहुंच गई। हालात बिगड़ते देख परिवारों ने घरों से बाहर निकलकर जान बचाई। हालांकि कई लोग सामान निकालने तक का समय नहीं जुटा सके। प्रभावित परिवारों का कहना है कि आग की रफ्तार इतनी तेज थी कि कुछ मिनटों में ही घरों को नुकसान पहुंचने लगा।
राहत कार्य में देरी को लेकर नाराजगी : घटना के बाद स्थानीय लोगों ने राहत एवं बचाव कार्य में देरी को लेकर नाराजगी जताई। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना दिए जाने के बाद भी सहायता दल और अग्निशमन वाहन समय पर नहीं पहुंच सके, जिससे नुकसान बढ़ गया। लोगों का कहना है कि शुरुआती समय में आग पर नियंत्रण हो जाता तो कई घर बचाए जा सकते थे।
राशन, कपड़े और जरूरी सामान प्रभावित : आग की चपेट में आए घरों में रखा राशन, कपड़े, घरेलू उपयोग का सामान, दस्तावेज और अन्य सामग्री प्रभावित हुई है। कई परिवारों के सामने अब रोजमर्रा के जीवनयापन की चुनौती खड़ी हो गई है। घटना के बाद प्रभावित लोग जले हुए सामान के बीच जरूरी वस्तुएं तलाशते नजर आए।
स्थानीय निवासियों ने बताया कि कुछ परिवार पहले से आर्थिक रूप से कमजोर हैं और इस नुकसान ने उनकी परेशानियां बढ़ा दी हैं। एक महिला ने बताया कि वह लंबे समय से परिवार के जरूरी खर्चों और भविष्य की जरूरतों के लिए सामान जुटा रही थी, जो अब आग की भेंट चढ़ गया।
बिजली बाधित होने से बढ़ी परेशानी : घटना के दौरान क्षेत्र में बिजली आपूर्ति बाधित होने की भी बात सामने आई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बिजली उपलब्ध होती तो निजी बोरवेल या पानी के अन्य साधनों की मदद से आग बुझाने के प्रयास और तेज किए जा सकते थे।
खुले आसमान के नीचे रहने की मजबूरी : आग से प्रभावित कई परिवारों के सामने अब रहने और भोजन की समस्या खड़ी हो गई है। बच्चों और महिलाओं के लिए हालात अधिक चुनौतीपूर्ण बताए जा रहे हैं। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से तत्काल राहत सामग्री, अस्थायी आवास और आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।

