दतिया। गौवंशीय पशुओं से भरा ट्रक दुरसड़ा पुलिस ने शुक्रवार रात पकड़ा है। शनिवार को उसमें भरे पशुओं को एसडीओपी मोहित कुमार यादव की मौजूदगी में बीकर स्थित शासकीय गौशाला में सुरक्षित पहुंचाया गया। जब्त किए गए ट्रक से 32 गौवंशीय पशुओं में से 28 पशु जीवित सुरक्षित मिल सके। जबकि ठसाठस ट्रक में भरे गोवंश में से चार की मौत हो गई। जिनकाे पशु चिकित्सक के समक्ष परीक्षण उपरांत दफना दिया गया है।
जानकारी के अनुसार शुक्रवार रात ट्रक यूपी75 एटी 5255 गौवंशीय पशु भरकर भांडेर के रास्ते दतिया तरफ जा रहा था। रात्रि साढ़े 10 बजे वह भांडेर-बसवाहा के बीच स्थित टोल बैरियर पर बिना रुके ट्रक तेजी से निकल गया। ट्रक को भागता देख शंका होने पर बेरियर कर्मचारी अजमेर सिंह प्रजापति ने हंड्रेड डायल पुलिस को कॉल कर सूचना दी । जिस पर दुरसड़ा एफआरवी जो बीकर के पास आड़े गोला पर खड़ी थी, दौड़ाया गया। एफआरवी चालक राजेन्द्र सिंह तथा आरक्षक रामहुजुर दोहरे ने गौवंश से भरे ट्रक को रोकने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं रुका। ट्रक का पीछा कर सोनागिर के पास रोक लिया गया। पुलिस को आता देख ट्रक चालक वाहन को छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकला।
गौवंश की पुलिस ने की व्यवस्था
शनिवार को ट्रक से बरामद गौवंश को छोड़ने के लिए भांडेर स्थित पुरानी आईटीआई परिसर में जन सहयोग से संचालित श्रीराधे गौशाला संचालकों से चर्चा की गई। जिसमें उन्होंने अपनी सहमति दे दी। लेकिन इसके बाद नजदीकी बीकर क्षेत्र की शासकीय नव निर्मित गौशाला में वहां के सरपंच की सहमति के बाद एसडीओपी मोहित कुमार यादव, थाना प्रभारी दुरसड़ा केहरी सिंह ने राष्ट्रीय गौरक्षा वाहिनी जिला दतिया इकाई के जिला प्रभारी सुजीत सिंह सेंगर तथा महामंत्री राजेश गिरी, बीकर सरपंच पति रामजी शरण दांगी की मौजूदगी में ट्रक से जब्त 32 नर गौवंशीय पशुओं में से 28 पशुओं को सुरक्षित प्रवेश कराया गया । इस मामले में पुलिस ने गौवंश अत्याचार अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर लिया है।

