भोपाल | मध्यप्रदेश में हवाई कनेक्टिविटी को विस्तार देने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री श्री किंजारापु राममोहन नायडू की रविवार को मुख्यमंत्री निवास स्थित समत्व भवन में हुई समीक्षा बैठक में प्रदेश में 5 नए एयरपोर्ट विकसित करने को मंजूरी दी गई। इसके साथ ही उज्जैन और शिवपुरी में निर्माणाधीन एयरपोर्ट परियोजनाओं में तेजी लाने के निर्देश दिए गए हैं।
सिंगरौली से शुरू होगा नए एयरपोर्ट का पहला चरण : बैठक में केंद्रीय मंत्री नायडू ने बताया कि केंद्र सरकार ने उड़ान योजना को वर्ष 2036 तक बढ़ा दिया है। अगले 10 वर्षों में देश में 100 नए एयरपोर्ट बनाने का लक्ष्य रखा गया है।
मध्यप्रदेश द्वारा प्रस्तावित 10 एयरस्ट्रिप्स को एयरपोर्ट के रूप में विकसित करने के प्रस्ताव को केंद्र की ओर से सहयोग देने की बात कही गई। इनमें पहले चरण में 5 नए एयरपोर्ट तैयार किए जाएंगे। सबसे पहले भोपाल से सबसे दूरस्थ नगर निगम सिंगरौली में एयरपोर्ट विकसित करने की योजना है।
उज्जैन एयरपोर्ट पर 10 अक्टूबर तक पर्यावरणीय मंजूरी का लक्ष्य : केंद्रीय मंत्री ने एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया और प्रदेश के विमानन विभाग के अधिकारियों को उज्जैन और शिवपुरी एयरपोर्ट के काम में तेजी लाने के निर्देश दिए।
उज्जैन एयरपोर्ट से जुड़े सभी जरूरी पर्यावरणीय अनुमतियां 10 अक्टूबर 2026 तक प्राप्त करने का लक्ष्य रखा गया है। सिंहस्थ-2028 के दौरान देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं के आवागमन को देखते हुए उज्जैन एयरपोर्ट को बेहद महत्वपूर्ण बताया गया है।
वहीं, शिवपुरी में ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट प्रस्तावित है। इसके लिए नई साइट की तलाश जल्द पूरी करने के निर्देश दिए गए।
MP में पहले से 8 एयरपोर्ट, 10 एयरस्ट्रिप्स को विकसित करने की तैयारी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने बताया कि प्रदेश में वर्तमान में 8 एयरपोर्ट तैयार हो चुके हैं और उज्जैन व शिवपुरी में नए एयरपोर्ट का निर्माण कार्य चल रहा है।
राज्य सरकार ने सिंगरौली, सागर, नीमच, छिंदवाड़ा, मंडला, खंडवा, रतलाम, मंदसौर, उमरिया और शहडोल की 10 एयरस्ट्रिप्स को एयरपोर्ट के रूप में विकसित करने का प्रस्ताव केंद्र को भेजा है।
पीएमश्री एयर एम्बुलेंस से 170 से ज्यादा गंभीर मरीजों को मिला लाभ : बैठक में मध्यप्रदेश की पीएमश्री एयर एम्बुलेंस सेवा भी चर्चा का प्रमुख विषय रही। मुख्यमंत्री ने बताया कि यह सेवा देश में सबसे पहले मध्यप्रदेश में शुरू की गई और अब तक 170 से अधिक गंभीर मरीजों को इसका लाभ मिल चुका है।
मुख्यमंत्री के अनुसार, इनमें से 99 प्रतिशत मरीजों की जान बचाई गई। आयुष्मान कार्डधारियों के लिए यह सेवा नि:शुल्क उपलब्ध है। केंद्रीय मंत्री नायडू ने इस पहल की सराहना करते हुए इसे देश के सामने मध्यप्रदेश का उदाहरण बताया।
6 महीने में 50 हजार से ज्यादा लोगों ने की हवाई यात्रा : विमानन विभाग की ओर से बैठक में बताया गया कि पिछले छह महीनों में मध्यप्रदेश के 50 हजार से अधिक यात्रियों ने हवाई सेवाओं का लाभ लिया है।
प्रदेश में पीएमश्री वायु पर्यटन सेवा, पीएमश्री हेली पर्यटन सेवा और पीएमश्री एयर एम्बुलेंस सेवा संचालित की जा रही हैं। वहीं, पिछले महीने इंदौर से अबुधाबी की सीधी अंतरराष्ट्रीय उड़ान भी शुरू हुई है। इसके अलावा 10 अगस्त से चार नई सीधी हवाई सेवाओं के विस्तार की जानकारी भी बैठक में दी गई।

