माता की मूर्ति बनी जान की रक्षक : नदी में विसर्जित की गई प्रतिमा का सहारा मिलने से डूबने से बचा युवक

Datia News : दतिया। हाल में नवरात्र के दौरान नदी में विसर्जित की गई मूर्ति का सहारा मिल जाने से एक युवक पानी में डूबने से बच गया। नदी में गिरने के बाद वह मूर्ति की लकड़ी पकड़े रहा और जान बचाने के लिए आवाज लगाता रहा। आखिरकर उसे पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

गोराघाट सिंध नदी पुल पर ट्रकों की आवाजाही के दौरान अनियंत्रित होकर एक बाइक सवार युवक नदी में गिर गया। जब इस बात की खबर गोराघाट पुलिस को मिली तो हंड्रेड डायल सहित पुलिस बल मौके पर पहुंचा और मशक्कत कर युवक की जान बचाई जा सकी।

इस संबंध में थाना प्रभारी संजीव नयन शर्मा ने बताया कि सुबह करीब छह बजे राहगीरों से सूचना मिली थी कि पुल के नीचे से किसी युवक की बचाओ-बचाओ की आवाजें आ रही हैं।

पुलिस बल मौके पर पहुंचा तो देखा कि एक युवक नदी में गिरा पड़ा है। वह हाल ही में सिंध में विसर्जित की गई मूर्ति की लकड़ी का सहारा लेकर खुद को डूबने से बचाए हुए था। उक्त स्थिति को देख पुलिस ने उसे नदी से बाहर निकाला गया और थाने लेकर आई। जहां पूछतांछ में युवक ने अपना नाम आकाश पुत्र अशोक दुबे निवासी मऊरानीपुर बताया। युवक ने बताया कि वह ग्वालियर से दतिया

पीतांबरा माई के दर्शन करने आ रहा था। इस दौरान जब वह सिंध नदी पुल पार कर रहा था तभी वहां से गुजर रहे ट्रकों ने एक-दूसरे को ओवरटेक करने की कोशिश की।

इसी दौरान उसकी बाइक अनियंत्रित हो गई और वह नदी में गिर पड़ा। उक्त व्यक्ति के माता पिता को फोन से सूचना देकर थाना प्रभारी ने गोराघाट बुलाया। जहां युवक को सुरक्षित सुपुर्द किया गया।

Share

Share on whatsapp
Share on facebook
Share on twitter
error: Content is protected !!