स्वामी विवेकानंद की जयंती पर मनाया जाता है राष्ट्रीय युवा दिवस, जानें वजह और इतिहास !

नई दिल्ली : स्वामी विवेकानंद का नाम इतिहास में एक ऐसे विद्वान के रूप में दर्ज है, जिन्होंने मानवता की सेवा को अपना सर्वोपरि धर्म माना। अमेरिका के शिकागो में धर्मसभा में अपने धाराप्रवाह भाषण से अंतरराष्ट्रीय सुर्खियों में आए भारतीय संन्यासी स्वामी विवेकानंद का जन्म 12 जनवरी,

1863 को बंगाल में हुआ था। स्वामी विवेकानंद अपने ओजपूर्ण और बेबाक भाषणों के कारण खासकर युवाओं के बीच काफी लोकप्रिय हुए। यही कारण है कि उनके जन्मदिन को पूरा राष्ट्र ‘युवा दिवस’ के रूप में मनाता है।

उन्होंने मानवता की सेवा एवं परोपकार के लिए 1897 में रामकृष्ण मिशन की स्थापना की। इस मिशन का नाम विवेकानंद ने अपने गुरु रामकृष्ण परमहंस के नाम पर रखा।

देश-दुनिया के इतिहास में 12 जनवरी की तारीख पर दर्ज अन्य महत्‍वपूर्ण घटनाओं का सिलसिलेवार ब्योरा इस प्रकार है :-

1708 : शाहू को मराठा शासक बनाया गया।

1757 : पश्चिम बंगाल के बंदेल को ब्रिटिश शासकों ने पुर्तगालियों से छीना।

1863 : स्वामी विवेकानंद का जन्म।

1931: पाकिस्तान के मशहूर उर्दू शायर अहमद फराज का जन्म।

1934: भारत की आजादी के लिए संघर्ष करने वाले क्रांतिकारी सूर्यसेन को अंग्रेजों ने फांसी पर लटका दिया।

1976: जासूसी उपन्यासों की मशहूर लेखिका अगाथा क्रिस्टी का निधन।

1984 : स्वामी विवेकानंद के जन्मदिन को राष्ट्रीय युवा दिवस के तौर पर मनाने का ऐलान।

1991: अमेरिकी संसद ने इराक के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के प्रस्ताव को पारित किया।

2010: हैती में भीषण भूकंप में दो लाख से अधिक लोगों की मौत।

Written & Source By : P.T.I

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