प्रयागराज : देश की रक्षा क्षमताओं को तकनीकी रूप से और मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत 4 मई से प्रयागराज में तीन दिवसीय ‘नॉर्थ टेक संगोष्ठी’ का आयोजन किया जा रहा है। इस संगोष्ठी का उद्घाटन देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह करेंगे।
‘रक्षा त्रिवेणी संगम – प्रौद्योगिकी, उद्योग और सैनिक क्षमता का संगम’ विषय पर आधारित यह आयोजन भारतीय सेना और रक्षा उद्योग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
यह संगोष्ठी भारतीय सेना की उत्तरी एवं केंद्रीय कमान और सोसाइटी ऑफ इंडियन डिफेंस मैन्युफैक्चरर्स के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हो रही है। कार्यक्रम का उद्देश्य आधुनिक युद्ध और सुरक्षा चुनौतियों के अनुरूप स्वदेशी तकनीकों को बढ़ावा देना और उन्हें सेना की जरूरतों के साथ जोड़ना है।
स्वदेशी तकनीक और नवाचार को मिलेगा मंच : इस आयोजन में देशभर से MSME, रक्षा क्षेत्र की निजी कंपनियां, स्टार्टअप्स और सैन्य विशेषज्ञ भाग ले रहे हैं। करीब 284 कंपनियां अपने नवीनतम उत्पादों और तकनीकों का प्रदर्शन करेंगी। यह प्लेटफॉर्म सेना की वास्तविक जरूरतों के अनुसार तकनीकी समाधान खोजने और उन्हें लागू करने में मदद करेगा।
संगोष्ठी के माध्यम से न केवल नई तकनीकों का प्रदर्शन होगा, बल्कि रक्षा उपकरणों के रखरखाव, तैनाती और खरीद प्रक्रिया को भी अधिक प्रभावी बनाने पर चर्चा की जाएगी। इससे ‘आत्मनिर्भर भारत’ के तहत रक्षा क्षेत्र में स्वदेशीकरण को और गति मिलने की उम्मीद है।
रक्षा, उद्योग और विज्ञान के बीच मजबूत समन्वय : तीन दिन तक चलने वाली यह संगोष्ठी 6 मई को समाप्त होगी। इस दौरान सेना के अधिकारियों, वैज्ञानिकों, उद्योग जगत के विशेषज्ञों और शिक्षाविदों के बीच संवाद स्थापित किया जाएगा। इसका उद्देश्य राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने के साथ-साथ तकनीकी उत्कृष्टता को बढ़ावा देना है।

