नई दिल्ली : महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले के ऐतिहासिक लोनार में आयोजित योग महोत्सव-2026 ने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस-2026 की तैयारियों को नई ऊर्जा दे दी है। आयुष मंत्रालय के मोरारजी देसाई राष्ट्रीय योग संस्थान (एमडीएनआईवाई) द्वारा आयोजित इस भव्य कार्यक्रम के साथ ही अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के लिए 75 दिनों की औपचारिक उलटी गिनती भी शुरू हो गई।
छत्रपति शिवाजी महाराज उद्यान में आयोजित इस कार्यक्रम की सबसे बड़ी उपलब्धि सामूहिक त्रिकोणासन का प्रदर्शन रहा, जिसमें करीब 5,000 लोगों ने एक साथ भाग लेकर एशिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया। इस ऐतिहासिक उपलब्धि ने योग के प्रति बढ़ती जागरूकता और सामूहिक सहभागिता की शक्ति को प्रदर्शित किया।
कार्यक्रम में केंद्रीय आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रतापराव जाधव ने इसे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2026 की दिशा में एक सशक्त शुरुआत बताया। उन्होंने कहा कि लोनार जैसे भौगोलिक दृष्टि से महत्वपूर्ण स्थान पर इस आयोजन का होना वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य और संतुलन के प्रति बढ़ती जागरूकता का प्रतीक है। उन्होंने यह भी कहा कि योग केवल शारीरिक ही नहीं, बल्कि मानसिक और भावनात्मक संतुलन को भी मजबूत करता है।
त्रिकोणासन के सामूहिक प्रदर्शन को लेकर जाधव ने कहा कि यह योग में निहित “साझा कल्याण” की भावना को दर्शाता है। साथ ही उन्होंने आयुष आहार के महत्व पर जोर देते हुए बाजरा, रागी, नारियल तेल और पारंपरिक मसालों के सेवन को रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए उपयोगी बताया।
इस अवसर पर आयुष मंत्रालय की संयुक्त सचिव मोनालिसा दास ने योग को भारत का विश्व को दिया गया अमूल्य उपहार बताया और इसे जीवन जीने की समग्र पद्धति के रूप में अपनाने पर बल दिया। कार्यक्रम में एमडीएनआईवाई के निदेशक प्रो. (डॉ.) काशीनाथ समागंडी के नेतृत्व में कॉमन योगा प्रोटोकॉल का लाइव प्रदर्शन भी हुआ, जिसमें योगासन, प्राणायाम और ध्यान शामिल रहे।
इसके अलावा, कार्यक्रम में आयुष मंत्रालय की कई प्रमुख पहलों को भी प्रदर्शित किया गया, जिनमें “हवाई यात्रा के लिए योग”, “गैर-संक्रामक रोगों के लिए योग प्रोटोकॉल” और “योग 365 अभियान” शामिल हैं। निःशुल्क योग अभ्यास के लिए टोल-फ्री हेल्पलाइन भी शुरू की गई है।
योग महोत्सव-2026 ने एक बार फिर यह साबित किया है कि योग आज एक वैश्विक जन आंदोलन बन चुका है, जो लोगों को स्वस्थ और संतुलित जीवन की ओर प्रेरित कर रहा है।

